Bedhadak India
मनोरंजन स्थानीय समाचार

भारतीय नाट्य संघ का दो दिवसीय 18 प्रादेशिक सम्मेलन शुरू। जनसरोकार मुद्दों पर हुई चर्चा।

रायबरेली। भारतीय जन नाट्य संघ ( इप्टा)का दो दिवसीय 18वां प्रादेशिक सम्मेलन की शुरुआत शहर के निजी होटल में हुई। इस सम्मेलन की स्वागत समिति के अध्यक्ष बीपी विश्वकर्मा ने आये हुए अतिथियों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि इप्टा जनसरोकारों से जुड़ी संस्था है और ये एक केवल संस्था नही बल्कि एक सामाजिक परिवर्तन का नाम हैं।

इप्टा एक संस्था नही बल्कि सामाजिक परिवर्तन का दूसरा नाम है- प्रो. रूप रेखा वर्मा

कार्यक्रम की शुरुआत में लखनऊ विश्वविद्यालय की पूर्व कुलपति रूप रेखा वर्मा ने इप्टा को इस आयोजन की बधाई देते हुए कहा कि इप्टा जनसरोकार का नाम है। इप्टा आपदाओं और भूकंप जैसी परिस्थितियों में चंदा इकट्ठा करके प्रभावित लोगों की मदद करती आ रही है।

साथ ही समाज मे फ़ैली अव्यवस्थाओं पर चोट करते हुए नाटक का मंचन करती आ रही है। मगर आज की स्थिति विषम है। इस विषम स्थिति को देखते हुए नाटक के संस्कृत कर्म को अलग से एक नए अंदाज में करना होगा तभी हम आज की विषम  परिस्थितियों का मुकाबला कर सकते हैं।

अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर मंडरा रहा है खतरा: वीरेंद्र यादव   

      मुख्य अतिथि व सुप्रसिद्ध आलोचक वीरेंद्र यादव ने कहा कि प्रेमचंद के समय जो चुनौतियां उस समय थी। वही चुनौतियां आज भी हैं। आज समाज में विग्रह और बहुसंख्यक वाद ज्यादा है। आजकल अल्पसंख्यक समुदाय को निशाने पर लिया जा रहा है। अगर आप प्रेमचंद के लेखन को ध्यान से देखेंगे तो यह पाएंगे हैं कि प्रेमचंद की ऐसी तमाम रचनाएं है जिसमें हिंदू और मुस्लिम एकता पर लिखा गया है। उन्होंने कहा कि जिस देश में कई सालों तक मुगलों का शासन रहा हो और हिंदू धर्म का कुछ ना बिगड़ा हो उसमे आज के समय मे राजनैतिक पार्टियों द्वारा हिन्दू -मुस्लिम करना आधारहीन साबित होता है।

उन्होंने कहा कि आज अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर खतरा मंडरा रहा है और आप देखेंगे कि जैसे किसी भी खेल में अगर हर व्यक्ति की सफलता पर बात की जाए उसके प्रतिबंध की बात पहले ही की जाने लगती है कोई कॉमेडियन हास परिहास के लिए अगर समाज के फैली बुराइयों पर कुठाराघात करता है तो उसका विरोध पहले शुरू हो जाता है तो इस देश में अभिव्यक्ति की आजादी पर खतरा है हमारी कोशिश होनी चाहिए कि अभिव्यक्ति की आजादी हम सबको मिले और अंगूठी पर कोई प्रतिबंध ना हो।

सामाजिक सरोकार की विरासत खतरे में: नदीम हसनैन

मुख्य अतिथि व प्रसिद्ध मानव शास्त्री नदीम हसनैन ने इप्टा पर प्रकाश डालते हुए कहा क्या केवल एक संगठन नहीं है बल्कि एक सामाजिक परिवर्तन का नाम है। और ये विरासत आज खतरे में है। उन्होंने कहा कि आज बड़ी चालाकी के साथ हमारे लोगों को सिखा दिया गया है लोकतंत्र की पहली शर्त चुनाव होना है अगर चुनाव हो रहे हैं तो मान लिया जाना चाहिए कि देश में लोकतंत्र है।लोकतंत्र की बाकी शर्तो को भुला दिया गया। उन्होंने कहा कि हिटलर भी चुनाव लड़ कर आया था और उसके बाद जर्मनी में क्या हुआ पूरा विश्व जानता है। कुछ लोग चुनाव के बाद चुनकर आते हैं लेकिन लोकतंत्र की हत्या कर देते हैं। भारतीय इतिहास को तोड़ मरोड़ कर पेश किया जा रहा है। नेहरू को इतिहास की पुस्तकों से हटा दिया गया है पर अब महात्मा गांधी की बारी है क्योंकि महात्मा गांधी को केवल स्वच्छता अभियान तक ही सीमित रखा गया है और महात्मा गांधी की तमाम शिक्षाओं और सिद्धांतों को भुला दिया गया है।


प्रगतिशील लेखक संघ के प्रांतीय महासचिव संजय श्रीवास्तव ने भी पूर्ववर्ती वक्ताओं की बात को आगे बढ़ाते हुए कहा कि सच है कि फासीवाद लोकतंत्र पर सवार होकर आता है फिर लोकतंत्र की हत्या कर देता है।उन्होंने कहा कि हमारी किताबे हमारी पत्रिकाएं समाज की बुराइयों पर लगातार लिखती रहेंगी। उन्होंने इप्टा के आयोजकों को बधाई देते हुए कहा कि ये जलसा कामायाब होगा। इसके बाद रवि प्रताप सिंह ने कथक नृत्य प्रस्तुत किया। इसके बाद इप्टा आगरा ने सात जूते नाटक का मंचन किया। लिटिल इप्टा लखनऊ की तरफ से एक लोकगीत और मंदिर नाटक प्रस्तुत किया गया। इप्टा बनारस की तरफ से मोह नाटक का मंचन किया गया जो मन्नू भंडारी की कहानी पर आधारित था।इसके आलेख सुश्री प्रतिभा सिन्हा और निर्देशन सलीम राजा का था। इप्टा उरई की तरफ से भी नाटक आल्हा अमर क्यों है प्रस्तुत किए। जिसका निर्देशन स्वाति राज ने किया।

श्री बी पी विश्वकर्मा इस समिति के अध्यक्ष हैं। सम्मेलन की तैयारी कमेटी में स्थानीय इप्टा के सर्वश्री सन्तोष चौधरी, जर्नादन मिश्र, रमेश श्रीवास्तव ,अमित यादव, रमेश,राम देव शर्मा राहुल यादव एवं लवकुश तथा सुश्री किरन शुक्ला और साधना शर्मा हैं और लखनऊ के शहजाद रिज़वी हैं। यह जानकारी प्रांतीय महामंत्री सन्तोष डे ने दी।

 

सुनील यादव की रिपोर्ट

संबंधित पोस्ट

सपाइयों ने जिले भर में किया जबरदस्त प्रदर्शन, राज्यपाल के नाम सौंपा 16 सूत्रीय ज्ञापन।

bedhadakindia

प्रोटोकॉल के बिना दिंवगत विधायक के घर शोक संवेदना देने पहुँची केंद्रीय मंत्री स्मृती ईरानी। विधायक के निधन को बताया अपूर्णीय छति, हमेशा रहूंगी आपके साथ।

bedhadakindia

US House of Representatives passes Trump-backed coronavirus relief package

Admin

श्रद्धालुओं से भरी ट्रैक्टर ट्राली पलटी: दो की मौत दो दर्जन से अधिक घायल।

bedhadakindia

रायबरेली बीएसए आफिस की रहस्यमयी फ़ोन कॉल से महिला टीचर्स दहशत में

bedhadakindia

सड़क सुरक्षा माह में महिला आरक्षियों द्वारा निकाली गई यातायात जागरूकता रैली

bedhadakindia